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जौनपुर:-नूरी मस्जिद में तरावीह में कुरआन हुआ मुकम्मल,मांगी गई देश अमन भाईचारे के लिए दुआएं

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जौनपुर:-नूरी मस्जिद में तरावीह में कुरआन हुआ मुकम्मल,मांगी गई देश अमन भाईचारे के लिए दुआएं

दुनियाबी तालीम के साथ साथ दीनी तालीम भी है। बहुत जरूरी : साजिद अलीम

हाफ़िज़ मो, सैफ ,सी बी एस सी बोर्ड से हाई स्कूल पास, करने के साथ साथ हिफज करते रहे:सद्दाम हुसैन

रोज़ा केवल खाने पीने से रुकने का नाम नहीं:हाफ़िज़ मो, सैफ

जौनपुर ( उत्तरशक्ति )। माहे रमज़ान की विशेष नमाज़ तरावीह में कुरआन-ए-पाक मुकम्मल होने का सिलसिला शुरू हो चुका है। गुलिस्ता रात मोहल्ला ख्वाजगी टोला उर्दू बाजार निकट मोहन टॉकीज के पास नूरी मस्जिद में हाफ़िज़ मो. सैफ निवासी सुलेम सराय जनपद प्रयागराज(इलाहाबाद) स्थित रहने वाले है। सद्दाम हुसैन के भांजे है। नूरी मस्जिद में हाफ़िज़ मो, सैफ ने 12 दिन में तरावी, कुरआन ए पाक मुकम्मल कराया। जहाँ सैकड़ों की संख्या में रोज़ेदारों ने शिरकत करके तरावीह की नमाज़ अदा की। तत्पश्चात मस्जिद कमेटी के लोगों ने हाफ़िज़ मो. सैफ की गुलपोशी करके उन्हें बधाई दी और अंत में मुल्क में अमन व अमान एवं भाईचारा के लिये दुआएं भी मांगी गई।

पत्रकारों से बात करते हुए हाफ़िज़ मो.सैफ़ ने बताया कि तरावीह रमज़ान का चांद देख कर शुरू करना है और ईद का चांद देख कर बन्द करना है। ये 12 दिन की तरावीह का इंतेज़ाम था। ऐसा नहीं कि आज से तरावीह की नमाज़ नहीं पढ़ना है। उन्होंने रमज़ान की अहमियत को बताते हुए कहा कि रोज़ा केवल खाने पीने से रुके रहने का नाम नहीं है बल्कि हमारे है जिस्म के हर अंग का रोज़ा होना चाहिए तभी हमारा रोज़ा मक़बूल होगा। इस अवसर पर पत्रकारों से वार्ता करते हुए।पूर्व सभासद साजिद अलीम , सद्दाम हुसैन पूर्व मरकजी सीरत कमेटी जौनपुर, जनाब जावेद ,पप्पू साहब. हाजी नसीम साहब. मो .रियाज़,मो .शोएब ,जावेद अज़ीम ,मो .साद, भोलू, समेत बड़ी संख्या में नमाज़ी उपस्थित रहे।

 

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